पुरुष हैंडबाल में महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ तो महीला में पूर्वांचल विश्व विद्यालय ने लहराया जीत का परचम

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वाराणसी। भारतीय विश्वविद्यालय संघ  में पूर्वी क्षेत्र अन्तर्विश्वविद्यालयी हैण्डबाल  प्रतियोगिता का आयोजन विश्वविद्यालय क्रीड़ा परिषद्, महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ में मंगलवार को  सम्पन्न हुआ। इस प्रतियोगिता के अन्तिम दिन कुल 4 मैच खेले गये जिसमें 2 महिला एवं 2 पुरुष हैण्डबाल के मैच खेले गये, जिसमें महिला टीमों के बीच खेले गये मैच में पहला मैच वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्व विद्यालय बनाम हेमचन्द यादव विश्व विद्यालय के मध्य खेला गया जिसमें वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्व विद्यालय ने 19-9 से जीत दर्ज की।

वहीं दूसरा मैच महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ, वाराणसी बनाम बीएचयू. के बीच खेला गया। इस कांटे के मुकाबले में महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ ने बीएचयू. को 6-5 के अन्तर से परास्त किया। खेल के अंत में ब्यॉज़ टीम में महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ और गर्ल्स टीम में वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्व विद्यालय ने जीत हासिल की।

प्रतियोगिता में पुरुष हैण्डबाल का पहला मैच वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्व विद्यालय और बीएचयू.के बीच खेला गया, जिसमें वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्व विद्यालय  ने 29-16 से अपनी जीत दर्ज की। वहीं दूसरा मैच मेजबान महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ और  पं. रविशंकर शुक्ला विश्व विद्यालय, रायपुर के बीच खेला गया, जिसमें महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ ने एकतरफा मुकाबले में 34-15 से जीत हासिल की। इस प्रतियोगिता के महिला हैण्डबाल मुकाबले की बेस्ट प्लेयर वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्व विद्यालय, जौनपुर की स्वर्णिमा जायसवाल रहीं, वहीं पुरुष मुकाबले का बेस्ट प्लेयर विक्रान्त सिंह रहे।

इस प्रतियोगिता के अन्तिम दिन समापन समारोह में कार्यक्रम के मुख्य अतिथि विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. टीएन. सिंह रहें। उन्होंने खिलाड़ियों को सम्बोधित करते हुए कहा कि खेल स्वास्थ्य, चरित्र व राष्ट्र निर्माण का एक सशक्त साधन है। इसके माध्यम से आप अपने परिवार, समाज, देश का नाम रोशन कर सकते हैं तथा साथ ही खेल आपको समन्वयशील और टीम भावना से कार्य करने के लिए प्रेरित करता है।

कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे विश्वविद्यालय क्रीड़ा परिषद् के उपाध्यक्ष प्रो.आरपी. सिंह ने अपने उद्भाषण में कहा कि इस प्रतियोगिता के दौरान खिलाड़ियों की खेल भावना न केवल उनके अनुशासित होने की दशा को दर्शाता है बल्कि भावनात्मक रूप से परस्पर जोड़ने की जो श्रृंखला दिखाई दी वह सबसे अधिक आदर्श थी। खेल भावना का यह उदाहरण हम सबको प्रेरणा प्रदान करता है कि अनुशासन व संयम निरंतर बनाये रखें। इस कार्यक्रम का संचालन व मैच रिपोर्ट आयोजन सचिव डॉ संतोष कुमार ने पढ़ा और धन्यवाद ज्ञापन डॉ सैयद दुलारे हुसैन ने किया।

इस अवसर पर संयुक्त आयोजन सचिव  बीना, प्रो. महेश विक्रम सिंह, डॉ. सुमन ओझा, डॉ. प्रभात शंकर दूबे, मीरा यादव, डॉ. दिनेश कुमार सिंह, जनार्दन प्रसाद सिंह, अजय नाथ त्रिपाठी, डॉ. अशोक श्रीवास्तव, ओंकार नाथ, संतोष कुमार, अरविन्द कुमार, आलोक यादव, निदा फातमा आदि लोग उपस्थित रहे।

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